कोसमी मामले में सीएम मोहन यादव ने मांगी रिपोर्ट
शिवराज की बात पर जांच का भरोसा

मध्यप्रदेश के सीहोर जिले के बुधनी क्षेत्र के कोसमी गांव में आदिवासी परिवारों के मकान हटाए जाने के मामले में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मुख्य सचिव से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। सोमवार, 12 अक्टूबर को मुख्यमंत्री निवास पर प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उन्होंने कहा कि केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान वरिष्ठ नेता हैं और उनके द्वारा कोई विषय उठाए जाने पर उसकी जांच कराना उचित है। मुख्यमंत्री ने भरोसा जताया कि रिपोर्ट आने के बाद मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो जाएगी।
मुख्यमंत्री ने दिए जांच के संकेत
डॉ. मोहन यादव ने कहा कि सरकार मामले की जानकारी जुटा रही है। उन्होंने रिपोर्ट मिलने के बाद तथ्यों के आधार पर स्थिति स्पष्ट होने की बात कही। मुख्यमंत्री के इस बयान के बाद अब प्रशासनिक जांच की रिपोर्ट और आगे की कार्रवाई पर नजर रहेगी।
शिवराज ने प्रभावित परिवारों की बात उठाई
इससे पहले रविवार, 11 अक्टूबर को शिवराज सिंह चौहान कोसमी गांव पहुंचे थे। उन्होंने प्रभावित आदिवासी परिवारों से मुलाकात कर मकान हटाए जाने की कार्रवाई पर नाराजगी जताई थी। उन्होंने ग्रामीणों की ओर से फसलों को नुकसान पहुंचने और कुएं में मिट्टी भरे जाने संबंधी शिकायतें भी उठाईं। शिवराज ने मुख्य सचिव से फोन पर चर्चा कर मामले की जांच और प्रभावित परिवारों को राहत देने की जरूरत बताई थी।
वन भूमि से अतिक्रमण हटाने का पक्ष
वन विकास निगम के अधिकारियों के अनुसार, संबंधित क्षेत्र में वन भूमि से अतिक्रमण हटाने के लिए कार्रवाई की गई थी। वहीं, प्रभावित परिवारों ने कार्रवाई के दौरान नुकसान होने की शिकायतें की हैं। ऐसे में भूमि संबंधी दस्तावेजों, कार्रवाई की प्रक्रिया और ग्रामीणों की शिकायतों की जांच से पूरे मामले के विभिन्न पहलू स्पष्ट हो सकेंगे।
अब मुख्य सचिव की रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई तय होने की उम्मीद है।



