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एमपी के 3 शहरों में खुलेंगे सपनों के नए आशियाने! 3,000 करोड़ से ज्यादा के प्रोजेक्ट से बदलेगी तस्वीर

किफायती घर से लग्जरी फ्लैट तक की तैयारी, जबलपुर में बनेंगी 60 मीटर ऊंची इमारतें

लेखक: कपिल माखीजा, जनशक्ति उजालास्थान: भोपाल, मध्य प्रदेश3 मिनट पढ़ें
भोपाल, जबलपुर और ग्वालियर में 3,000 करोड़ रुपये से अधिक की आवासीय और व्यावसायिक परियोजनाओं की तैयारी ।  (प्रतीकात्मक चित्र)
भोपाल, जबलपुर और ग्वालियर में 3,000 करोड़ रुपये से अधिक की आवासीय और व्यावसायिक परियोजनाओं की तैयारी । (प्रतीकात्मक चित्र)
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मध्यप्रदेश में घर खरीदने की योजना बना रहे लोगों के लिए भोपाल, जबलपुर और ग्वालियर से बड़ी खबर है। मध्यप्रदेश हाउसिंग बोर्ड इन तीनों शहरों में 3,000 करोड़ रुपये से अधिक की आवासीय और व्यावसायिक परियोजनाएं विकसित करने की तैयारी में है। योजनाओं के तहत 2,000 से अधिक किफायती और लग्जरी आवासों के साथ दुकानें, शोरूम और कार्यालयों के लिए भी जगह तैयार करने का प्रस्ताव है। इन परियोजनाओं में ऊंची इमारतों के साथ पुरानी संपत्तियों के पुनर्विकास पर भी जोर दिया जा रहा है।

इनमें भोपाल की प्रोफेसर कॉलोनी परियोजना सबसे बड़ी होगी, जिस पर 2,000 करोड़ रुपये से अधिक खर्च होने का अनुमान है। जबलपुर के धन्वंतरि नगर में 480 करोड़ रुपये की योजना को मंजूरी मिल चुकी है, जबकि ग्वालियर में ग्वाल सागर परियोजना पर काम चल रहा है। तीनों शहरों की योजनाओं को आगामी अर्बन कॉन्क्लेव में प्रदर्शित करने की तैयारी भी है।

भोपाल में प्रोफेसर कॉलोनी का नया रूप

राजधानी की प्रोफेसर कॉलोनी परियोजना छोटे तालाब के नजदीक होने के कारण राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) तक पहुंच गई थी। अब प्रस्तावित योजना से कलेक्टर कार्यालय को हटाकर संशोधित विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार की जा रही है। इसमें आवासीय भवनों के साथ चौड़ी सड़कें और पार्क जैसी सुविधाएं विकसित करने की योजना है।

भोपाल में करीब 1,500 करोड़ रुपये की सेंट्रल विस्टा परियोजना की डीपीआर भी तैयार हो चुकी है। इन योजनाओं के जरिए राजधानी में आवासीय और व्यावसायिक विकास को आगे बढ़ाने की तैयारी है।

जबलपुर में बनेंगी 60 मीटर ऊंची इमारतें

धन्वंतरि नगर में करीब 6.36 एकड़ क्षेत्र में विकसित होने वाली परियोजना में एक, दो, तीन और चार बीएचके के फ्लैट प्रस्तावित हैं। इसके साथ शॉपिंग कॉम्प्लेक्स, दुकानें और कार्यालयों के लिए भी जगह बनाई जाएगी।

योजना में 60 मीटर तक ऊंची इमारतों के निर्माण का प्रस्ताव है। इसके अलावा 38 बड़े कार्यालय हॉल, 112 दुकानें और एक हजार से अधिक वाहनों की पार्किंग के लिए स्थान विकसित करने की तैयारी है। परियोजना का टेंडर जल्द जारी किए जाने की बात कही गई है।

ग्वालियर में भी बड़े प्रोजेक्ट की तैयारी

ग्वालियर की ग्वाल सागर परियोजना पर 300 करोड़ रुपये से अधिक खर्च होने का अनुमान है। इसके अलावा बायपास क्षेत्र में नई आवासीय योजना विकसित करने की तैयारी है। सूर्यनगर फेज-2 को बोर्ड पहले ही मंजूरी दे चुका है। इन योजनाओं के जरिए शहर में घरों के विकल्प बढ़ाने और व्यावसायिक गतिविधियों के लिए नए स्थान तैयार करने का लक्ष्य है।

हाउसिंग बोर्ड का हाईराइज इमारतों पर जोर

मध्यप्रदेश हाउसिंग बोर्ड के अधिकारी के अनुसार, मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप बोर्ड ऊंची इमारतों और बड़े आवासीय-वाणिज्यिक प्रोजेक्ट पर तेजी से काम कर रहा है। उन्होंने धन्वंतरि नगर की प्रस्तावित इमारत को जबलपुर के विकास के लिए महत्वपूर्ण बताते हुए जल्द टेंडर जारी करने की बात कही। भोपाल और ग्वालियर की योजनाओं को भी जल्द शुरू करने की तैयारी है।

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